ePaper

रांची: भूख हड़ताल पर बैठे एक छात्र की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में कराया गया भर्ती

झारखंड की राजधानी रांची में 14वीं झारखंड पीएससी सिविल सेवा परीक्षा को रद्द करने और भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं की स्वतंत्र जांच की मांग को लेकर छात्र आंदोलन कर रहे हैं. इनमें से 6 छात्र भूख हड़ताल पर हैं, इन्हीं में से एक राहुल क्रांति की तबीयत बिगड़ गई है. तबीयत खराब होने पर एंबुलेंस के जरिए सदर अस्पताल पहुंचाया गया है. वहीं हेमंत सोरेन सरकार की ओर से बातचीत के लिए कोई बुलावा नहीं आया है. रांची में आमरण अनशन कर रहे राहुल क्रांति की तबीयत बिगड़ गई है और उन्हें एंबुलेंस के जरिए सदर अस्पताल पहुंचाया गया है. वहीं मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की ओर से बातचीत की बात कहे जाने के बाद भी सरकार ने अभी तक बातचीत के लिए नहीं बुलाया है. JPSC- JSSC के मसले पर छात्रों के आंदोलन के समर्थन में राज्य के एनडीए विधायकों ने आज शुक्रवार को झारखंड विधानसभा सदन के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया. उन्होंने हेमंत सोरेन सरकार हाय-हाय, नौकरी बेचना बंद करो और छात्र विरोधी सरकार होश में आओ के नारे लगाए. साथ ही सरकार ने मामले की जांच सीबीआई से करानी की मांग भी की. विपक्ष की ओर से झारखंड में पेपर लीक करवाने वाली सरकार हाय- हाय के भी नारे लगाए गए. छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो के आमरण अनशन का आज छठा दिन है. लगातार बिगड़ती सेहत के बावजूद भूख हड़ताल जारी रखे हुए हैं. आंदोलन स्थल पर हर दिन बड़ी संख्या में अलग-अलग सामाजिक संगठन और आम लोग पहुंच कर अपना समर्थन दे रहे हैं. झारखंड के आदिवासी समाज के लोग भी आज आंदोलन स्थल पर पहुंचे. हाथों में पारंपरिक वाद्ययंत्र और लोक संस्कृति की झलक के साथ उन्होंने गीतों की प्रस्तुति दी. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह लड़ाई किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि झारखंड के लाखों युवाओं के भविष्य की है. इसलिए समाज का हर वर्ग अपने-अपने तरीके से इस आंदोलन के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है. दूसरी ओर, अनशन जारी रहने के बीच सरकार और छात्रों के बीच बातचीत की कोशिशें भी चल रही हैं, लेकिन फिलहाल आंदोलनकारी अपनी मांगों पर डटे हुए हैं. जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में भूख हड़ताल पर बैठी एक अन्य छात्रा सबिता कुमार ने कहा था कि वे हमारे अधिकार छीन रहे हैं. हमारी नौकरियों को सब्जियों की तरह बेच रहे हैं. सबिता उन 6 प्रदर्शनकारियों में एक हैं जो भूख हड़ताल पर बैठे हैं. यह भूख हड़ताल छात्रों के नेतृत्व में हो रहे प्रदर्शन का हिस्सा है जो आज शुक्रवार को 14वें दिन भी जारी रहा. प्रदर्शनकारी राज्य में 14वीं झारखंड पीएससी सिविल सेवा परीक्षा को रद्द किए जाने और भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं की स्वतंत्र जांच की मांग कर रहे हैं. साथ ही वे यह भी चाहते हैं कि यह जांच या तो केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) करे या फिर राज्य के बाहर के हाई कोर्ट के रिटायर जजों की एक समिति करे.

Instagram
WhatsApp