अल्लूरी सीतारामराजू जिले में मंगलवार सुबह सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें छह माओवादी मारे गए. पुलिस अधीक्षक अमित बरदार के अनुसार यह मुठभेड़ सुबह करीब 6:30 से 7 बजे के बीच मरेदुमिल्ली मंडल के घने जंगल में हुई. उन्होंने बताया कि यह पुलिस की कई शाखाओं द्वारा चलाया गया संयुक्त अभियान था. घटना के बाद इलाके में तलाशी अभियान और तेज कर दिया गया है ताकि अन्य छिपे माओवादियों की गतिविधियों का पता लगाया जा सके.इस बीच ने खबर दी है कि मुठभेड़ में कुख्यात नक्सली कमांडर माडवी हिडमा भी ढेर कर दिया गया है. खबर के अनुसार, वांटेड माओवादी नेताओं में शामिल माडवी हिडमा की मंगलवार को मरेदुमिल्ली के जंगलों में हुई मुठभेड़ में मौत होने की खबर सामने आई. विशेष पुलिस बलों के साथ हुई इस मुठभेड़ को सीपीआई (माओवादी) के लिए एक बड़ी चोट माना जा रहा है. हिड़मा देश के सबसे खतरनाक और हाई-प्रोफाइल माओवादी कमांडरों में गिना जाता था. उस पर पिछले 15 सालों में सुरक्षा बलों पर हुए कई बड़े और घातक हमलों का मास्टरमाइंड होने का संदेह था. उसकी मौत से माओवादी संगठन को बड़ा नुकसान माना जा रहा है. हिडमा को कई बड़े कुख्यात नक्सली कमांडर माडवी हिडमा माना जाता है. 2010 के दंतेवाड़ा हमले में 76 सीआरपीएफ जवान शहीद हुए थे. 2013 के झीरम घाटी हमले में वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं समेत 27 लोगों की जान गई थी. वहीं 2021 के सुकमा-बीजापुर हमले में 22 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए.
खूंखार नक्सली कमांडर माडवी हिडमा मुठभेड़ में हुआ ढेर, जवानों ने पहली बार किया ऐसा ऑपरेशन,
