देश के तीन राज्यों असम, केरल और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में आज विधानसभा चुनाव के लिए मतदान जारी है। सुबह 7 बजे से शुरू हो गई है। शाम 5 बजे तक वोटिंग जारी रहेगी। 3 राज्यों के 296 सीटों पर वोटिंग जारी है। आंकड़ों को देखे तो 10 लाख नए वोटर्स वोट डालेंगे। वहीं कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच तीनों राज्यों में मतदान शांतिपूर्ण तरीके से जारी है। वोटिंग शुरू होने से पहले सुबह 6 से 7 बजे के बीच सभी मतदान केंद्रों पर मॉक पोलिंग कर ईवीएम की जांच की गई। सुबह से ही मतदाताओं में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है और कई बूथों पर लंबी कतारें लगी हैं। चुनाव आयोग के अनुसार, असम, केरल और पुडुचेरी को मिलाकर करीब 5.3 करोड़ मतदाता आज अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। इनमें लगभग 10 लाख से ज्यादा वोटर्स पहली बार मतदान कर रहे हैं। तीनों राज्यों में युवा मतदाताओं की बड़ी भूमिका देखने को मिल रही है। असम में 5.7 लाख, केरल में 4.24 लाख और पुडुचेरी में करीब 23 हजार नए मतदाता पहली बार वोट डाल रहे हैं। असम की 126 विधानसभा सीटों पर 41 पार्टियों के 722 उम्मीदवार मैदान में हैं। यहां बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए लगातार तीसरी बार सत्ता में आने की कोशिश में है, जबकि कांग्रेस गठबंधन वापसी की उम्मीद कर रहा है। राज्य में करीब 2.5 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। केरल की 140 सीटों पर 2.7 करोड़ से अधिक मतदाता 883 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला कर रहे हैं। यहां सत्ताधारी एलडीएफ, कांग्रेस नेतृत्व वाले यूडीएफ और बीजेपी के नेतृत्व वाले एनडीए के बीच कड़ा मुकाबला है। खास बात यह है कि राज्य में पहली बार कोई मुख्यमंत्री लगातार तीसरी बार सत्ता में आने के लिए चुनाव लड़ रहा है। पुडुचेरी की 30 सीटों पर मतदान जारी है, जहां करीब 10 लाख मतदाता 294 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करेंगे। यहां एनआर कांग्रेस, बीजेपी और कांग्रेस-डीएमके गठबंधन के बीच सीधा मुकाबला माना जा रहा है। 1,099 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें 209 को संवेदनशील घोषित किया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तीनों राज्यों की जनता से अपील की है कि वो घरों से निकलें और भारी संख्या में मतदान करें। पीएम मोदी ने ट्विट कर कहा कि, “मैं केरल के लोगों से 2026 के विधानसभा चुनावों में बड़ी संख्या में मतदान करने का आह्वान करता हूँ। रिकॉर्ड भागीदारी केरल की लोकतांत्रिक भावना को और अधिक मज़बूती प्रदान करेगी। मैं विशेष रूप से राज्य के युवाओं और महिलाओं से आग्रह करता हूँ कि वे आगे आएँ और बड़ी संख्या में मतदान करें”।
