दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण ने लोगों का जीना बेहाल कर दिया है. प्रदूषण से सिर्फ दिल्ली के आम लोग ही परेशान नहीं हैं, दिल्ली के खास लोग भी इससे त्रस्त हैं. लोगों में प्रदूषण की वजह से संक्रमण, खांसी और आंखों में जलन होने लगी है. अब केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी भी इसकी जद में हैं.दिल्ली के खतरनाक प्रदूषण का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वह मुश्किल से दो दिन दिल्ली में रहते हैं. उनके गले में संक्रमण हो गया है. एक दिन गडकरी महाराष्ट्र में थे. इस दौरान वे आइजीएनसीए के एक पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में शामिल हुए. उदय माहूरकर की पुस्तक माइ आइडिया ऑफ नेशन फर्स्ट पुस्तक के विमोचन कार्यक्रम को उन्होंने संबोधित किया. इस दौरान, उन्होंने कहा कि दिल्ली में दो दिन रहा और उतने में ही गले में संक्रमण हो गया. केंद्रीय मंत्री ने इस दौरान, सवालिया अंदाज में कहा कि पूरी दिल्ली त्रस्त क्यों हैं? उन्होंने खुद ही इसका जवाब भी दिया. उन्होंने कहा कि मैं ट्रांसपोर्ट मंत्री हूं, 40 प्रतिशत हमारे कारण ही होता है. उन्होंने पेट्रोल और डीजल से होने वाले प्रदूषण का जिक्र करते हुए कहा कि हम 22 लाख करोड़ रुपये का ईंधन आयात करते हैं. साथ ही प्रदूषण भी ले रहे हैं. यह किस तरह का राष्ट्रवाद है. दुनिया तकनीक में तेजी से बदल रही है. इलेक्ट्रिक वाहन के साथ-साथ अब सोडियम, जिंक को लेकर भी तकनीक आ गई है. हमको उसे भी प्राथमिकता देनी होगी.
