हरमनप्रीत कौर की शानदार कप्तानी पारी भी टीम इंडिया को हार से नहीं बचा सकी. तीन मैचों की टी20 सीरीज के निर्णायक मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को 6 विकेट से शिकस्त देकर सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली. भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए कप्तान हरमनप्रीत के अर्धशतक के दम पर 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 180 रनों का मजबूत स्कोर खड़ा किया था. हालांकि, मेजबान इंग्लैंड ने इस बड़े लक्ष्य को बौना साबित कर दिया और 9 गेंद शेष रहते ही 4 विकेट खोकर मैच और सीरीज दोनों अपनी झोली में डाल लिए. भारतीय महिला टीम टांटन में खेले गए आखिरी टी20 मैच को बचाने में नाकाम रही. भारत के 180 रनों के जवाब में इंग्लैंड ने 18.3 ओवर में 184 रन बनाकर मैच और सीरीज दोनों अपने नाम कर लिए. इंग्लैंड की इस जीत की सूत्रधार एलिस कैप्सी (82 रन, 43 गेंद) और हीथर नाइट (नाबाद 70 रन, 42 गेंद) रहीं. एक समय इंग्लैंड ने सिर्फ 38 रन पर 3 विकेट खो दिए थे और भारतीय टीम मैच पर पकड़ बनाती दिख रही थी. लेकिन कैप्सी की आक्रामक पारी (9 चौके, 3 छक्के) और नाइट की सधी हुई बल्लेबाजी (10 चौके) ने पासा पलट दिया और टीम इंडिया के हाथों से जीत छीन ली. टांटन में खेले गए निर्णायक टी20 मुकाबले में भारतीय गेंदबाजों का साधारण प्रदर्शन टीम की हार की बड़ी वजह बना. कप्तान हरमनप्रीत कौर ने इंग्लैंड के बल्लेबाजों को रोकने के लिए कुल 6 गेंदबाजों को आजमाया, लेकिन अरुंधति रेड्डी और क्रांति गौड़ के अलावा कोई भी प्रभाव नहीं छोड़ सका. रेड्डी और क्रांति ने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए 2-2 विकेट चटकाए, लेकिन दूसरी छोर से सहयोग न मिलने के कारण इंग्लैंड ने इस कमजोर कड़ी का पूरा फायदा उठाया. टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की बैटिंग इस मुकाबले में काफी साधारण रही. हालांकि, कप्तान हरमनप्रीत कौर ने मोर्चे से अगुवाई की. 40 गेंदों में नाबाद 56 रनों की कप्तानी पारी खेलकर टीम को संकट से निकाला. उनके अलावा यस्तिका भाटिया और दीप्ति शर्मा ने 32-32 रनों का योगदान दिया. जबकि जेमिमा रोड्रिग्स ने अंत में 19 गेंदों में 29 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेली. इन पारियों की बदौलत भारत ने निर्धारित 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 180 रनों का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया.
