पटना -पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय, पटना द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं दूरदर्शी पहल करते हुए आज शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित संस्था अगस्त्य फाउंडेशन के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। यह एमओयू विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित एक गरिमामयी समारोह में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. उपेन्द्र कुमार सिंह, रजिस्ट्रार डॉ. अबू बकर रिज़वी, डीन स्टूडेंट वेलफेयर डॉ. राजीव रंजन, तथा इंटर्नशिप कॉर्डिनेटर एवं प्लेसमेंट हेड डॉ. मोहम्मद अली सहित विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारी एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे। अगस्त्य फाउंडेशन की ओर से संस्था के डायरेक्टर रामजी रघवन की गरिमामयी उपस्थिति रही,जिनका विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा औपचारिक स्वागत किया गया।
इस समझौता ज्ञापन के माध्यम से पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय के 8,000 से अधिक छात्र-छात्राओं को निःशुल्क इंटर्नशिप का अवसर प्राप्त होगा, जिससे विद्यार्थियों के अकादमिक अध्ययन को व्यावहारिक अनुभव से जोड़ने में उल्लेखनीय सहायता मिलेगी।अगस्त्य फाउंडेशन : शिक्षा में नवाचार की सशक्त पहचान उल्लेखनीय है कि अगस्त्य फाउंडेशन वर्ष 1999 से शिक्षा के क्षेत्र में कार्यरत एक प्रतिष्ठित गैर-लाभकारी संस्था है, जो वर्तमान में देश के 19 राज्यों में सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। संस्था विशेष रूप से सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थियों को विज्ञान शिक्षा प्रदान करने के लिए जानी जाती है।अगस्त्य फाउंडेशन अपनी चलंत विज्ञान प्रयोगशालाओं (मोबाइल साइंस लैब्स) के माध्यम से विद्यार्थियों को हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग प्रदान करती है, जिससे प्रयोगात्मक, अनुभव आधारित एवं नवाचारपूर्ण शिक्षा को बढ़ावा मिलता है।
