श्रीलंका में खेली गई वनडे ट्राई सीरीज का फाइनल मैच इंडिया ए की टीम के नाम रहा. तिलक वर्मा की कप्तानी वाली भारतीय टीम ने फाइनल में श्रीलंका को एकतरफा अंदाज में हराया. अफनानिस्तान की ए टीम भी इस सीरीज का हिस्सा थी. दंबुला में खेले गए फाइनल मैच में भारत ए टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब पर कब्जा जमा लिया. 15 साल के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की विस्फोटक पारी मैच का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट रही. फाइनल मैच में इंडिया ए ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 9 विकेट गंवाकर 377 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया. इस दौरान वैभव सूर्यवंशी ने सिर्फ 29 गेंदों पर 94 रन ठोके, जिसमें 10 चौके और 8 छक्के शामिल रहे. उनका स्ट्राइक रेट 324 से भी ज्यादा का रहा. वहीं, प्रियांश आर्य ने 39 रन बनाए. इसके अलावा तिलक वर्मा ने 67 रनों की उपयोगी पारी खेली. फिर अनुकूल रॉय ने आखिरी ओवरों में 15 गेंदों पर 39 रन बनाकर स्कोर को 377 तक पहुंचाया. वहीं, श्रीलंका ए की गेंदबाजी काफी महंगी साबित हुई. हालांकि, वानुजा सहन, कुगाथास मथुलन और रविंदु फर्नांडो ने 2-2 विकेट लिए. लेकिन बाकी गेंदबाज अपनी छाप छोड़ने में पूरी तरह नाकाम रहे. जिसका फायदा भारतीय बल्लेबाजों ने अच्छे से उठाया. टारगेट का पीछा करने उतरी श्रीलंका ए की टीम की शुरुआत कुछ खास नहीं रही. फिर बीच के ओवरों में श्रीलंका ने वापसी की कोशिश जरूर की, लेकिन वो भारतीय गेंदबाजों के दबाव में 47.1 ओवर में 311 रन ही बना सके और टीम ऑलआउट हो गई. इस दौरान वानूजा साहन ने सबसे ज्यादा 62 रन बनाए. वहीं, सदेरा समराविक्रमा ने 52 रन ठोके. विजयकांत वियास्कंथ ने 39 रन और कप्तान सहन अरच्चिगे ने 38 रन ठोके. लेकिन कोई भी अपनी पारियों को बड़े स्कोर में नहीं बदल सका. दूसरी ओर, भारत के लिए यश ठाकुर और विप्रज निगम ने शानदार गेंदबाजी की. दोनों गेंदबाजों ने 3-3 विकेट चटकाए. अनुकूल रॉय के नाम भी 2 विकेट रहे. वहीं, अशोक शर्मा और तिलक वर्मा भी 1-1 सफलता अपने नाम करने में कामयाब रहे.
