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15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने दलीप ट्रॉफी में बनाया रिकॉर्ड, 42 गेंद में जड़ा अर्धशतक

वैभव सूर्यवंशी ने दलीप ट्रॉफी 2026 में एक और बड़ा कारनामा कर दिया है. ईस्ट जोन की ओर से खेल रहे 15 साल के वैभव ने सेंट्रल जोन के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबले में शानदार बल्लेबाजी करते हुए सिर्फ 42 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया. इसके साथ ही उन्होंने दलीप ट्रॉफी में सबसे कम उम्र में अर्धशतक लगाने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया. पहले बल्लेबाजी करते हुए 266 रन बनाए थे. इसके जवाब में ईस्ट जोन के लिए वैभव सूर्यवंशी और अभिमन्यु ईश्वरन पारी की शुरुआत करने उतरे. वैभव ने शुरुआत से ही आक्रामक अंदाज दिखाया और तेजी से रन बटोरे. उन्होंने 42 गेंदों में अपना पचासा पूरा किया. शानदार फॉर्म में चल रहे युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी शतक के नजदीक आकर आउट हो गए है. वैभव को 92 रनों के स्कोर पर हर्ष दूबे ने चलता किया है. इस दौरान वैभव ने 7 चौका और 7 छक्का लगाया है. वैभव ने अर्धशतक लगाते ही दलीप ट्रॉफी में सबसे कम उम्र में 50 रन बनाने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया. वह इस उपलब्धि के समय 15 साल की उम्र में थे. इससे पहले यह रिकॉर्ड लक्ष्मण सिंह के नाम बताया जाता है, जिन्होंने 1969 में 16 साल की उम्र में दलीप ट्रॉफी में अर्धशतक लगाया था. पीयूष चावला ने भी 2005 में 16 साल की उम्र में इस टूर्नामेंट में पचासा लगाया था. वैभव के लिए टूर्नामेंट का पहला मैच बल्ले से अच्छा नहीं रहा था. नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ वह सिर्फ 8 रन बना सके थे. हालांकि गेंदबाजी में उन्होंने दो विकेट लेकर अपनी उपयोगिता साबित की थी. दूसरे मैच में उन्होंने बल्लेबाजी से इसकी भरपाई कर दी और एक बार फिर सुर्खियों में आ गए. वैभव के लिए यह मैच इसलिए भी खास रहा क्योंकि ईस्ट जोन के नियमित कप्तान ईशान किशन के चोटिल होने के बाद कुछ समय के लिए 15 वर्षीय वैभव ने टीम की कप्तानी संभाली. उन्होंने मैदान पर फैसले लेने के साथ एक सफल DRS भी लिया, जिससे आर्यन जुयाल का अहम विकेट मिला. ईशान के वापस मैदान पर आने के बाद उन्होंने दोबारा कप्तानी संभाल ली. वैभव सूर्यवंशी की उम्र भले ही सिर्फ 15 साल है, लेकिन बड़े मंच पर उनका प्रदर्शन लगातार चर्चा में है. दलीप ट्रॉफी में यह अर्धशतक उनके फर्स्ट क्लास करियर का सिर्फ दूसरा अर्धशतक है. यही वजह है कि सेंट्रल जोन के खिलाफ उनकी यह पारी सिर्फ 50 रन तक सीमित नहीं है. कम उम्र में रिकॉर्ड, तेज अर्धशतक और कप्तानी की जिम्मेदारी, इन तीनों वजहों से वैभव एक बार फिर भारतीय क्रिकेट के सबसे ज्यादा चर्चा में रहने वाले युवा खिलाड़ियों में शामिल हो गए हैं.

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