श्री राम जन्मभूमि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने राम मंदिर दान गबन मामले में नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दे दिया है. राम मंदिर दान में गबन की जांच के लिए सरकार ने एसआईटी गठित की थी और एसआईटी द्वारा प्राइमरी रिपोर्ट सौंपे जाने के बाद एफआईआर दर्ज की गई है. त्तर प्रदेश सरकार के निर्देश पर प्राथमिकी दर्ज की गई है.एफआईआर में जिन लोगों के नाम शामिल हैं, उनमें अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, अविनाश शुक्ला, टिन्नू यादव, मनीष यादव तथा अन्य लोग शामिल हैं. जिन आठ आरोपियों के नाम एफआईआर में दर्ज हैं उनकी गिरफ्तारी हो गई है. यह कार्रवाई अयोध्या के पूर्व समाजवादी पार्टी विधायक पवन पांडेय के आरोपों के बाद हुई. उनका यह दावा था कि राम मंदिर की दान राशि में से 7 करोड़ से 7.5 करोड़ रुपये का दुरुपयोग किया गया. इन आरोपों के बाद श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अनुरोध पर राज्य सरकार ने 14 जून को तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया था.
श्री राम जन्मभूमि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने इस्तीफा दिया, दान में हुई गड़बड़ी की नैतिक जिम्मेदारी ली
